Breaking News

श्रीमद् भागवत ज्ञान यज्ञ में महाराज श्री ने अपने मुख से माखन चोर कृष्ण की लीलाएं, जरासंध का वध व रुकमणी विवाह का मार्मिक वर्णन किया

 

पंडाल में भक्तजन रुकमणी विवाह के दौरान भजनों पर नृत्य कर झूम उठे

पूर्व विधायक विवेक धाकड़, सामुदायिक गौशाला के सचिव एन के सोनी ,पत्रकार प्रमोद कुमार गर्ग आमंत्रित अतिथियों का स्वागत सत्कार किया

बीगोद– भागवत कथा के छठे दिन अमर ज्ञान निरंजन जी आश्रम महामंडलेश्वर स्वामी जगदीश पुरी जी महाराज ने मानपुरा बिजासन शक्तिपीठ 12 खेड़ा के तत्वाधान में गुरुवार को बालकृष्ण की लीलाएं का वर्णन करते हुए पौराणिक कथा के अनुसार भगवान श्री कृष्ण का जन्म वासुदेव और देव के गर्भ से कारागार में हुआ।

वासुदेव ने श्री कृष्ण को गोकुल में यशोदा के यहां दे दिया था जहां यशोदा ने लाला को बड़े लाड प्यार से पाला भगवान श्री कृष्ण बचपन से ही नटखट थे। कृष्णा की एक किद्वंती एक कथा है जिसके अनेक रूप और हर रूप की लीला अद्भुत है प्रेम को परिभाषित करने वाले उस देने वाले इस माधव में जिस क्षेत्र में हाथ रखा वही नए कीर्तिमान स्थापित किए मां के लाडले जिनके संपूर्ण व्यक्तित्व में मासूमियत समय हुई है कहते तो लोग ईश्वर का अवतार है पर वह बालक है तो पूरे बालक है मां से बचने के लिए कहते हैं मैया मैंने माखन नहीं खायो नाम पूछते हैं मां वह राधा इतनी गोरी क्यों है मैं क्यों काला हूं शिकायत करते है कहते तू मेरी मां नहीं है यशोदा मां जिसे अपने का नाम से कोई शिकायत नहीं है मैया कबहु बढ़ेगी चोटी कितनी बेर मोई दूध पियत भ इ यह अजहू आदि लीलाओं का वर्णन किया।

भीम ने जरासंध का वधकर कारागार में 86 राजाओं को दिलाई थी मुक्ति पूजा। कथा में कंस वध जरासंध वध वह रुकमणी युवा का वर्णन किया गया कथा सुनाते हुए पूज्य महाराज ने बताया कि मथुरा में भगवान श्री कृष्ण के मामा कंस के लोग बड़े परेशान थे यहां तक कि श्री कृष्ण के माता-पिता को कारागार में डाल कर रखा गया था इस बीच भी लोगों पर कई तरह के अत्याचार कंस करता रहता था।

आखिरकार एक दिन ऐसा आया कि भगवान श्री कृष्ण ने अपने बलदाऊ के साथ गोकुल से मथुरा जाकर मामा कंस का वध लोगों मुक्ति दिलाई उन्होंने रुक्मणी विवाह की कथा सुनाते हुए कहा कि रुकमणी से विवाह करना चाहते थे लेकिन रुक्मणी का भाई शिशुपाल इसके खिलाफ था इसके लिए भगवान ने रुक्मणी का हरण कर विवाह किया।कंस के वध के बाद कंस का ससुर जरासंध क्रोधित अवतार मथुरा पर कई बार आक्रमण किए इस बीच भगवान को भी मथुरा छोड़ दूसरे नगरी द्वारका बसानी पड़ी थी भगवान द्वारा मथुरा वासियों को द्वारका में ले जाने के बाद भी इससे पीछे नहीं हट रहा था जिसके चलते भगवान श्रीकृष्ण ने स्वयं पांडवों के साथ जरा संघ की नगरी पहुंचकर जरासंध को गदा युद्ध के लिए ललकारा इस युद्ध में भीम को जरा संघ ने चुना भीम ने जरा संघ का वध कर दिया जिसमें 86 राज्यों को कारागार से मुक्ति मिली थी उन्होंने बताया कि जरासंध 100 राजाओं को बंदी बनाकर उनकी बलि देना चाहता था ।

इस कथा के दौरान पूर्व विधायक विवेक धाकड़ ,ब्लॉक कांग्रेस सेवा दल के अध्यक्ष अब्दुल सलाम रंगरेज, द्वारिकाधीश सामुदायिक गौशाला काछोला के सचिव डॉ एनके सोनी, जीएसएस अध्यक्ष कल्याणपुरा भंवर धाकड़, पंचायत समिति सदस्य रामेश्वर धाकड़ ,धाकड़ युवा संगठन के रामपाल धाकड़ व पत्रकार प्रमोद कुमार गर्ग ने कथा मंच दुपट्टा पहनाकर स्वागत सत्कार कर आशीर्वाद दिया इस दौरान मंच पर महाआरती में सभी अतिथियों ने भाग लेकर कृष्ण वह रुकमणी से आशीर्वाद लिया।

मां आरती समापन के बाद पूर्व विधायक विवेक धाकड़ व अतिथियों ने श्री बिजासन माता मंदिर में माता के दर्शन कर आशीर्वाद लेकर, क्षैत्र खुशहाली की कामना।

शुक्रवार को भागवत महा ज्ञान यज्ञ का समापन होगा इस दौरान 151 जोड़ो की पूर्णाहुति के साथ समापन होने पर विशाल भंडारे का आयोजन किया जाएगा। (फोटो कैप्शन-
1-कथा मंच पर दौरान रुकमणी विवाह के दौरान

2- पूर्व विधायक विश्वास बिजासन माता के दर्शन करते

3- रुकमणी विवाह के दौरान पंडाल में नृत्य करते महिलाएं पुरुष भक्तजन)
फोटो प्रमोद कुमार गर्ग

सर तीनों फोटो लगाकर न्यूज़ को पूरा विस्तार दिलाए

About IBN NEWS

It's a online news channel.

Check Also

राष्ट्रीय लोक अदालत को सफल बनाने हेतु एडवोकेट्स की मीटिंग संपन्न

  मनीष दवे IBN NEWS भीनमाल- अपर जिला एवं सेशन न्यायाधीश राजेंद्र सहू की अध्यक्षता …