बी.आर. मुराद की रिपोर्ट
फरीदाबाद
फरीदाबाद स्थित डीएवी पब्लिक स्कूल, सेक्टर-49 एक बार फिर गर्व से झूम उठा जब विद्यालय के मेधावी छात्र सार्थक खंडेलवाल ने राष्ट्रीय स्तर की प्रतिष्ठित लॉजीक्विड्स प्रतियोगिता में स्कूल रैंक 1 प्राप्त करते हुए आईआईटी मुंबई के अंतिम दौर के लिए अपनी जगह सुनिश्चित की।
प्रतियोगिता का स्तर और महत्व
लॉजीक्विड्स भारत की एक प्रतिष्ठित प्रतियोगिता है जो छात्रों की तार्किक, विश्लेषणात्मक और रचनात्मक सोच का मूल्यांकन करती है। यह प्रतियोगिता छात्रों को वास्तविक जीवन की समस्याओं को तार्किक ढंग से हल करने की प्रेरणा देती है और उन्हें राष्ट्रीय मंच पर अपनी प्रतिभा दिखाने का अवसर प्रदान करती है।
लॉजीक्विड्स आइडियाथॉन – यंग थिंकर्स चैलेंज, जो IIT मुंबई के टेकफेस्ट के सहयोग से आयोजित होता है, उसी का एक भाग है। इस वर्ष इस प्रतियोगिता में देशभर के हजारों प्रतिभागियों के बीच से सार्थक खंडेलवाल ने अपना स्थान शीर्ष प्रदर्शनकर्ताओं में सुरक्षित किया।
IIT मुंबई में करेंगे विचार प्रस्तुति
सार्थक को उनके असाधारण प्रदर्शन और नवोन्मेषी सोच के लिए अंतिम दौर में चुना गया है, जहां वे IIT मुंबई में प्रत्यक्ष प्रस्तुति देंगे। यह उनके करियर और व्यक्तित्व विकास के लिए एक अभूतपूर्व उपलब्धि मानी जा रही है।
विद्यालय का गौरव
विद्यालय के प्रधानाचार्य श्री राजन गौतम ने इस उपलब्धि पर हर्ष व्यक्त करते हुए कहा:
“सार्थक की यह उपलब्धि विद्यालय के लिए गौरव और प्रेरणा का स्रोत है। उन्होंने न केवल स्कूल बल्कि पूरे फरीदाबाद का नाम रोशन किया है। उनका समर्पण, परिश्रम और तार्किक क्षमता उन्हें इस मुकाम तक लाई है।”
प्रधानाचार्य ने आगे कहा कि विद्यालय एक ऐसा वातावरण तैयार कर रहा है जहां नवाचार, रचनात्मकता और उत्कृष्टता को बढ़ावा मिले। सार्थक की यह उपलब्धि इसी दिशा में एक प्रेरणादायक प्रतिबिंब है।
छात्र के उज्ज्वल भविष्य की कामना
विद्यालय परिवार और साथी विद्यार्थियों ने सार्थक खंडेलवाल को बधाई दी और उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की। सभी की नजरें अब उस अंतिम प्रस्तुति पर टिकी हैं, जब सार्थक IIT मुंबई में राष्ट्रीय मंच पर अपने विचार प्रस्तुत करेंगे।
शिक्षकों का मार्गदर्शन और परिवार का सहयोग
इस सफलता के पीछे विद्यालय के शिक्षकों का मार्गदर्शन, अभिभावकों का सहयोग और सार्थक की कड़ी मेहनत रही है। यह उन सभी के लिए एक मिलाजुला उत्सव है जिन्होंने इस यात्रा में उसका साथ दिया।