अयोध्या ब्यूरो |
अयोध्या जनपद के नेवरा कस्बे में आज एक शांतिपूर्ण और प्रभावशाली विरोध प्रदर्शन देखने को मिला। यह प्रदर्शन ऑल इंडिया मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड की अपील पर आयोजित किया गया, जिसमें वक्फ संशोधन अधिनियम 2025 के खिलाफ विरोध जताया गया।
इस प्रदर्शन को ‘बत्ती गुल तहरीक’ नाम दिया गया, जिसके तहत स्थानीय लोगों ने रात में अपनी घरों की लाइट बंद कर मौन रूप से विरोध दर्ज कराया। इस पहल को लाइट्स ऑफ प्रोटेस्ट का रूप दिया गया, जिसमें बिना नारेबाज़ी और भीड़ के, शांति से विरोध प्रकट किया गया।
📌 क्या है मामला?
हाल ही में केंद्र सरकार द्वारा प्रस्तुत वक्फ संशोधन अधिनियम 2025 को लेकर मुस्लिम समाज में असंतोष व्याप्त है। लोगों का मानना है कि यह संशोधन वक्फ संपत्तियों की स्वतंत्रता और अधिकारों पर प्रतिकूल प्रभाव डालेगा। मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड ने इस अधिनियम को लेकर देशभर में शांतिपूर्ण विरोध का आह्वान किया था।
🏘️ नेवरा कस्बे की भागीदारी
नेवरा कस्बे के निवासियों ने बड़ी संख्या में इस विरोध में भाग लिया। सभी ने रात 8 बजे से 9 बजे तक अपने घरों की लाइट्स बंद रखकर मौन समर्थन जताया। कोई नारेबाजी नहीं हुई, कोई जुलूस नहीं निकला — यह प्रदर्शन पूरी तरह शांतिपूर्ण और संवैधानिक तरीके से किया गया।
🗣️ स्थानीय लोगों की प्रतिक्रिया
कई नागरिकों ने कहा कि उनका उद्देश्य संविधान के दायरे में रहकर अपनी असहमति जताना है। उनका मानना है कि शांतिपूर्ण विरोध ही लोकतंत्र की सबसे बड़ी ताकत है। नेवरा की इस भागीदारी को अन्य क्षेत्रों के लिए प्रेरणास्रोत बताया जा रहा है।