रिपोर्ट ब्यूरो
गोरखपुर भारतीय स्टेट बैंक देश को बैंकिंग एवं वित्तीय सेवाएं प्रदान करने वाला देश अग्रणी बैंक है। अपनी सेवाओं से एसबीआई न सिर्फ ग्राहकों को अपनी बेहतरीन उत्पाद एवं सेवाएं कम दर पर उपलब्ध कराता है बल्कि बेहतरीन डिजिटल बैकिंग उत्पाद उपलब्ध कराता है। प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी की डिजिटल इंडिया अभियान का हिस्सा बनते हुए एसबीआई देश में अपनी डिजिटल बैंकिंग सेवाएं पहुंचाने के लक्ष्य की ओर तेजी से अग्रसर है। भारत जैसे देश में डिजिटल बैंकिंग को पूर्णत: सफल बनाने हेतु हमें ग्राहकों को इन सेवाओं के बारे में जागरूक करना होगा जो ग्राहकों की भाषा में ही संभव है। इसलिए हमें ग्राहकों की उनकी ही भाषा में ही बैंकिंग सेवाएं पहुंचाना होगा। यह कार्य हिंदी से बेहतर और कोई भाषा नहीं कर सकती क्योंकि हिंदी अपने अनेक रूपों में समस्त भारत में अच्छी तरह से बोली एवं समझी जाती है। भारत के सबसे बड़े बैंक होने के नाते यह हमारी प्राथमिकता ही नहीं बल्कि हमारा दायित्व भी है कि हम ग्राहकों को उच्च तकनीकयुक्त बैंकिंग के बारे में बताकर उन्हें जागरूक करें तभी वे आसान और सुरक्षित डिजिटल बैंकिंग करने में सफल हो पाएंगे।‘’* यह विचार भारतीय स्टेट बैंक, प्रशासनिक कार्यालय में आयोजित जुलाई-सितम्बर 2021 को समाप्त तिमाही हेतु राजभाषा कार्यान्वयन समिति की तिमाही समीक्षा बैठक में अपने उद्बोधन में उप महाप्रबंधक (व्यवसाय एवं परिचालन) संजीव कुमार ने व्यक्त किए।
उन्होंने इस अवसर पर प्रशासनिक कार्यालय के अधीनस्थ क्षेत्रीय कार्यालयों एवं विभागों में राजभाषा कार्यान्वयन की प्रगति की समीक्षा भी किया और भविष्य में इसमें उत्तरोतर वृद्धि का निर्देश भी दिया। इस बैठक के अंत में उन्होंने हिंदी पखवाड़ा 2021 के दौरान आयोजित विभिन्न प्रतियोगिताओं के विजेता प्रतिभागियों को प्रमाणपत्र प्रदान कर उन्हें सम्मानित किया और उनसे भविष्य में अपना समस्त कार्य हिंदी में ही करने का निर्देश दिया।
इस कार्यक्रम में उप महाप्रबंधक श्री संजीव कुमार के अलावा क्षेत्रीय प्रबंधक श्री संदीप पंवार, श्री आलोक यादव, श्री प्रसून कुमार, श्री अमित गुप्ता, श्री संदीप अग्रवाल, श्री वाई के शर्मा, श्री विशाल सिद्धार्थ सहित बैंक के सभी वरिष्ठ स्टाफ सदस्य उपस्थित रहे। इस बैठक का संचालन एवं संयोजन समिति के सदस्य सचिव राजीव रंजन प्रकाश, प्रबंधक (राजभाषा) ने किया ।