मीरजापुर
मीरजापुर। छोटी दीपावली की पूर्व संध्या पर अहरौरा स्थित वनस्थली महाविद्यालय के निःशुल्क खेल ग्राउंड में भव्य दीप प्रज्वलन कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस अवसर पर खिलाड़ियों और बच्चों द्वारा 5100 दीप जलाए गए, जिससे पूरा मैदान दीपों की रोशनी से जगमगा उठा।
थाना प्रभारी और प्रशिक्षक ने किया शुभारंभ
कार्यक्रम की शुरुआत थाना प्रभारी निरीक्षक सदानंद सिंह और खेल प्रशिक्षक अवधेश कुमार सिंह द्वारा मां लक्ष्मी और भगवान गणेश की पूजा-अर्चना के साथ की गई। पूजा के बाद बच्चों ने पूरे ग्राउंड को दीपों से सजा दिया, जो दृश्य देखते ही बन रहा था।
लगातार दूसरे वर्ष भी जगमगाया मैदान
खेल प्रशिक्षक अवधेश कुमार सिंह ने बताया कि यह आयोजन लगातार दूसरे वर्ष किया गया है। हर साल दीपावली पर यहां खिलाड़ी और बच्चे मिलकर दीप जलाते हैं और अपने इस खेल ग्राउंड को दीपों से रोशन करते हैं। उन्होंने कहा कि यह न केवल दीपावली का उत्सव है, बल्कि खिलाड़ियों के उज्जवल भविष्य की कामना का प्रतीक भी है।
निःशुल्क प्रशिक्षण से बदल रहे बच्चों का भविष्य
अवधेश सिंह ने बताया कि इस ग्राउंड पर पिछले कई वर्षों से गांव और नक्सल प्रभावित क्षेत्रों के बच्चों को निःशुल्क खेल प्रशिक्षण दिया जा रहा है। उन्होंने कहा —
“इस ग्राउंड से अब तक 8 से 10 बच्चे सरकारी नौकरी पा चुके हैं। यह मेरे लिए गर्व की बात है कि यहां से निकलकर कई बच्चे प्रदेश और राष्ट्रीय स्तर पर खेलों में नाम कमा चुके हैं।”
उन्होंने आगे कहा कि “अगर गांव के बच्चों को सही दिशा और मंच मिले तो वे निश्चित रूप से देश का नाम रोशन कर सकते हैं।”
खिलाड़ियों का जोश और दीपों की रौशनी
कार्यक्रम में शामिल बच्चों और खिलाड़ियों ने बताया कि दीप जलाने से उन्हें नई ऊर्जा और सकारात्मकता का अनुभव होता है। खेल मैदान में दीपों की रेखाएं बनाकर उन्होंने अद्भुत नजारा प्रस्तुत किया।
प्रेरणा और एकता का संदेश
यह आयोजन केवल धार्मिक उत्सव नहीं बल्कि एकता, अनुशासन और प्रेरणा का प्रतीक बन गया। दीपों से सजा मैदान मानो यह संदेश दे रहा था कि रोशनी केवल दीपों की नहीं, बल्कि मेहनत, खेल भावना और आशा की भी होती है।