चंडीगढ़:
हरियाणा के शहरी स्थानीय निकाय मंत्री विपुल गोयल ने स्पष्ट किया है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा शुरू किए गए स्वच्छ भारत मिशन को हरियाणा के सभी शहरों में पूरी निष्ठा और मजबूती के साथ लागू करना उनका मुख्य उद्देश्य है।
उन्होंने कहा कि नगर निगमों, नगर परिषदों और नगर पालिकाओं में घर-घर से ठोस कचरा उठाने वाली कंपनियों को कार्य करने के लिए सर्वोत्तम सुविधाएं और वातावरण प्रदान किया जाएगा।
📍 चंडीगढ़ में ठोस कचरा प्रबंधन पर राष्ट्रीय बैठक
विपुल गोयल चंडीगढ़ में आयोजित एक महत्वपूर्ण बैठक को संबोधित कर रहे थे जिसमें देशभर से ठोस कचरा प्रबंधन में कार्यरत कंपनियों को आमंत्रित किया गया था। इस बैठक में गोवा, मुंबई, नासिक, पुणे, चेन्नई, दिल्ली आदि के नगर निगमों में कार्य कर रही कंपनियों ने हिस्सा लिया और हरियाणा में कार्य करने की इच्छा जाहिर की।
इन कंपनियों ने अपने-अपने अनुभव और प्रेजेंटेशन के माध्यम से सुझाव दिए, जिनका मंत्री गोयल ने स्वागत किया और कहा कि इन सुझावों को तीन दिनों के भीतर समेकित कर आगामी बैठक बुलाई जाएगी।
🛠️ हरियाणा में शहरी निकायों की स्थिति
बैठक में बताया गया कि हरियाणा में कुल 22 जिले, 11 नगर निगम, 23 नगर परिषदें, और 53 नगर पालिकाएं हैं। इन शहरी निकायों की अनुमानित जनसंख्या एक करोड़ से अधिक है, जिसके चलते स्वच्छता और कचरा प्रबंधन के लिए एक सशक्त रणनीति बनाना अत्यंत आवश्यक है।
👥 बैठक में उपस्थित प्रमुख अधिकारी
इस बैठक में शहरी स्थानीय निकाय विभाग के आयुक्त एवं सचिव विकास गुप्ता, निदेशक पंकज, संयुक्त निदेशक कंवर सिंह, और अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे। इसके अलावा देशभर से आईं कई कंपनियों के प्रतिनिधियों ने भी भाग लिया।
✅ क्या होगा आगे?
मंत्री विपुल गोयल ने बताया कि सुझावों के आधार पर शीघ्र ही टेंडर प्रक्रिया शुरू की जाएगी ताकि हरियाणा में ठोस कचरा प्रबंधन व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ किया जा सके। उन्होंने भरोसा दिलाया कि सरकार द्वारा सभी हितधारकों को साथ लेकर एक स्वच्छ, स्वस्थ और हरित हरियाणा की दिशा में मजबूत कदम उठाए जाएंगे।