फरीदाबाद (बी.आर. मुराद की रिपोर्ट):
पर्यावरण संरक्षण और वायु प्रदूषण पर नियंत्रण को लेकर एक महत्वपूर्ण प्रशासनिक निर्णय लिया गया है। उपायुक्त विक्रम सिंह ने बुधवार को जानकारी दी कि एनसीआर क्षेत्र में पटाखों के निर्माण, भंडारण, बिक्री, उपयोग और ऑनलाइन डिलीवरी सहित सभी गतिविधियों पर पूरे वर्ष के लिए पूर्ण प्रतिबंध लागू किया गया है। यह आदेश फरीदाबाद जिले में भी प्रभावी रूप से लागू रहेगा।
🌫️ वायु प्रदूषण रोकने के उद्देश्य से सख्त प्रतिबंध
उपायुक्त ने बताया कि यह निर्णय पर्यावरण, वन एवं वन्यजीव विभाग, चंडीगढ़ द्वारा जारी निर्देशों के तहत लिया गया है, जिसका उद्देश्य पटाखों से निकलने वाली जहरीली गैसों से होने वाले वायु प्रदूषण को रोकना है। उन्होंने कहा कि इन गैसों के कारण न केवल पर्यावरण को नुकसान होता है, बल्कि जन स्वास्थ्य पर भी गंभीर प्रभाव पड़ता है, विशेषकर बच्चों, बुजुर्गों और अस्थमा के मरीजों के लिए।
🧾 सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों का पालन
डीसी विक्रम सिंह ने बताया कि यह निर्णय माननीय सर्वोच्च न्यायालय के आदेशों के अनुरूप लिया गया है। इसके अनुपालन को सुनिश्चित करने के लिए उपमंडल स्तर पर शिकायत निवारण समितियों का गठन किया गया है। ये समितियां पटाखों से जुड़ी किसी भी अवैध गतिविधि की शिकायत पर त्वरित कार्रवाई करेंगी।
📵 ऑनलाइन प्लेटफॉर्म पर भी रोक
उन्होंने स्पष्ट किया कि यह प्रतिबंध केवल पारंपरिक बिक्री तक सीमित नहीं है, बल्कि ई-कॉमर्स और ऑनलाइन प्लेटफॉर्म के माध्यम से पटाखों की बिक्री व डिलीवरी पर भी पूरी तरह से प्रतिबंध रहेगा। किसी भी रूप में पटाखों की खरीद-बिक्री या वितरण कानूनन अपराध माना जाएगा।
🙏 आमजन से अपील: सहयोग करें, पर्यावरण बचाएं
उपायुक्त ने फरीदाबादवासियों से अपील करते हुए कहा कि वे प्रशासन के इस निर्णय का समर्थन करें और पर्यावरण संरक्षण में भागीदार बनें। उन्होंने कहा, “स्वस्थ वातावरण और सुरक्षित भविष्य के लिए हमें सामूहिक प्रयास करने होंगे। पटाखों का उपयोग न केवल प्रदूषण फैलाता है, बल्कि आगजनी व दुर्घटनाओं का कारण भी बनता है।”