बलिया । उत्तर प्रदेश राज्य महिला आयोग की सदस्य श्रीमती सुनीता श्रीवास्तव ने बुधवार को बलिया के गेस्ट हाउस, लोनिवि, कुंवर सिंह चौराहा में महिला जनसुनवाई कार्यक्रम का आयोजन किया। इस जनसुनवाई में जिले की पीड़ित महिलाओं ने अपनी समस्याएँ आयोग के समक्ष रखीं, जिन्हें गंभीरता से सुना गया और तत्काल कार्रवाई सुनिश्चित की गई।
आयोग सरकार की मंशा के अनुरूप कर रहा है कार्य
जनसुनवाई के दौरान श्रीमती सुनीता श्रीवास्तव ने कहा कि:
“राज्य महिला आयोग, सरकार की मंशा के अनुरूप महिला उत्पीड़न की रोकथाम और पीड़ित महिलाओं को त्वरित न्याय दिलाने के लिए प्रतिबद्ध है।”
उन्होंने सभी उपस्थित अधिकारियों को निर्देशित किया कि किसी भी महिला उत्पीड़न प्रकरण को नजरअंदाज न किया जाए और तत्काल जांच कर विधिक कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।
मौके पर निस्तारित किए गए 25 मामले
इस महिला जनसुनवाई में कुल 31 आवेदन प्राप्त हुए, जिनमें से 25 मामलों का निस्तारण मौके पर ही किया गया।
इनमें अधिकतर आवेदन निम्नलिखित श्रेणियों से संबंधित थे:
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दहेज उत्पीड़न
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घरेलू हिंसा
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भूमि विवाद
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सास-बहू या पारिवारिक झगड़े
जनसुनवाई के दौरान आयोग की सदस्य ने स्पष्ट कहा कि पीड़ित महिलाओं की शिकायतों को गंभीरता से लिया जाए और सभी मामलों में निष्पक्ष जांच हो।
उपस्थित रहे संबंधित अधिकारीगण
इस जनसुनवाई कार्यक्रम में कई विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे, जिनमें प्रमुख हैं:
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अमरेंद्र कुमार प्रोस्त्यायन – जिला प्रोबेशन अधिकारी
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प्रिया सिंह – वन स्टॉप सेंटर प्रभारी
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क्षेत्राधिकारी (नगर)
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अन्य संबंधित विभागों के अधिकारीगण
इन सभी अधिकारियों को निर्देश दिया गया कि महिला उत्पीड़न के मामलों में संवेदनशीलता और त्वरित कार्रवाई का दृष्टिकोण अपनाया जाए।
महिला सशक्तिकरण की दिशा में सराहनीय प्रयास
राज्य महिला आयोग द्वारा इस प्रकार की जनसुनवाई से महिलाओं को न केवल न्याय मिलने की उम्मीद मिलती है, बल्कि उन्हें अपने अधिकारों के प्रति जागरूकता भी प्राप्त होती है। आयोग की सक्रियता ने जिले में महिला सुरक्षा और सम्मान को लेकर प्रशासन की गंभीरता को भी उजागर किया।