Ibn news Team DEORIA
रिपोर्ट सुभाष यादव

Ibn News Team, देवरिया
रिपोर्ट: सुभाष यादव
देवरिया जनपद के खुखुन्दू क्षेत्र को ब्लॉक का दर्जा दिलाने की मांग वर्ष 1991 से लगातार चल रही है। पिछले तीन दशकों में इस मुद्दे पर दर्जनों बार धरना, प्रदर्शन, आंदोलन, ज्ञापन और पत्रक दिए जा चुके हैं, लेकिन अब तक सफलता नहीं मिली है।
इस दौरान प्रदेश में बसपा, भाजपा और सपा की सरकारें आईं और गईं, परंतु खुखुन्दू ब्लॉक की मांग अधूरी ही रही।
साल 1994 में तत्कालीन बसपा सरकार की मुख्यमंत्री मायावती ने देवरिया स्थित राजकीय इंटर कॉलेज के प्रांगण में एक जनसभा के दौरान खुखुन्दू को ब्लॉक बनाने की घोषणा की थी। इस घोषणा के बाद आंदोलन को नई गति मिली।
वर्ष 2011 में यहां 76 दिनों तक चौराहे पर “कुर्मी कमीशन” आंदोलन चला, जिसके दौरान ग्रामीणों ने दीपावली का बहिष्कार किया था। वहीं 2017 विधानसभा चुनाव का भी विरोध किया गया और गांव में मसाले जुलूस निकाला गया था।
इस लंबे आंदोलन के मंच से अब तक वर्तमान रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह, पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव समेत कई वरिष्ठ नेताओं ने यह कहा था कि “हमारी सरकार आई तो खुखुन्दू को ब्लॉक का दर्जा तुरंत दे दिया जाएगा।”
वर्तमान विधायक सुरेंद्र चौरसिया ने भी आंदोलन का समर्थन किया था और इस मुद्दे को तीन बार विधानसभा में उठाया है।
जानकारी के अनुसार, पहले यहां जमीनी विवाद के कारण प्रस्ताव लंबित था, लेकिन अब वह विवाद भी समाप्त हो चुका है। इसके बावजूद ब्लॉक का दर्जा न मिलने से जनाक्रोश बढ़ता जा रहा है।
स्थानीय लोगों ने अब 5 दिवसीय आंदोलन की चेतावनी दी है।
इस संबंध में आयोजित बैठक की अध्यक्षता नथुन राय ने की और संचालन लियाकत अहमद ने किया।
बैठक में संगठन के अध्यक्ष सोबराती किदवई, पूर्व जिला पंचायत सदस्य उपेंद्र, प्रधान प्रतिनिधि मोहम्मद रबूल करीम, जयराम प्रसाद, ग्राम प्रधान पारस यादव, राघवेंद्र यादव, तथा मुनीर अहमद, विश्वनाथ यादव, राम ध्यान गोंड, मनोज कुमार, संजय दुबे, रविंद्र सिंह, संतोष यादव सहित कई वक्ताओं ने आंदोलन को और सशक्त करने का आह्वान किया।