चंडीगढ़। हरियाणा के विभिन्न जिलों में पारंपरिक हरियाली तीज महोत्सव पूरे हर्षोल्लास के साथ मनाया गया। इस अवसर पर महिला सशक्तिकरण को मुख्य केंद्र में रखते हुए अनेक सांस्कृतिक व सामाजिक कार्यक्रम आयोजित किए गए।
🎉 रेवाड़ी में तीज महोत्सव का आयोजन
रेवाड़ी के केएलपी कॉलेज ऑडिटोरियम में आयोजित कार्यक्रम में शहरी स्थानीय निकाय एवं राजस्व मंत्री विपुल गोयल ने मुख्य अतिथि के रूप में शिरकत की। उन्होंने गांव पावटी, पिथरावास, बवाना गुर्जर, धामलावास, कुंडल, जाहिदपुर, माला हेड़ा, नारायणपुर, गोकलगढ़ और बुडानी में महिला सांस्कृतिक केंद्रों और सांझा बाजार का उद्घाटन किया।
उन्होंने कहा,
“प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने महिला सशक्तिकरण को प्राथमिकता दी है। तीज महोत्सव के माध्यम से महिलाओं को सांस्कृतिक विरासत से जोड़ते हुए आत्मनिर्भरता की ओर प्रेरित किया जा रहा है।”
विपुल गोयल ने यह भी बताया कि ‘बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ’ अभियान के सकारात्मक परिणाम आज समाज में साफ दिखाई दे रहे हैं। हरियाणा में लिंगानुपात में सुधार और बेटियों के प्रति सोच में बदलाव इसका प्रमाण है।
🌿 झज्जर में भी हुआ उत्सव का आयोजन
झज्जर जिले के गांव खातीवास स्थित संस्कार स्कूल परिसर में जिला स्तरीय तीज महोत्सव कार्यक्रम का आयोजन किया गया। यहां मुख्य अतिथि के रूप में हरियाणा के कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री श्याम सिंह राणा उपस्थित रहे।
श्याम सिंह राणा ने स्वयं सहायता समूह (Self Help Group) की महिलाओं को राज्य सरकार की ओर से भेजी गई ‘कोथली’ भेंट की और तीज की शुभकामनाएं दीं।
इस अवसर पर झज्जर जिले में 1.32 लाख रुपये की लागत से स्थापित 16 महिला सांस्कृतिक केंद्रों का उद्घाटन भी किया गया।
🖥️ मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने वर्चुअली दी शुभकामनाएं
हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने वर्चुअल माध्यम से स्वयं सहायता समूहों की महिलाओं को संबोधित किया और उन्हें आत्मनिर्भर बनने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने कहा,
“हरियाली तीज जैसे पर्व केवल परंपरा नहीं, बल्कि नारी सम्मान और उत्थान का प्रतीक बन चुके हैं।”