फरीदाबाद से बी.आर. मुराद की रिपोर्ट
फरीदाबाद: सूरजकुंड रोड स्थित श्री सिद्धदाता आश्रम में मां भगवती के नौ रूपों की आराधना के लिए घट स्थापना संपन्न हुई। इस अवसर पर आश्रम के अधिपति जगदगुरु स्वामी पुरुषोत्तमाचार्य महाराज ने कहा कि नवरात्र मां के विभिन्न शक्ति स्वरूपों की आराधना का विशेष पर्व है।
उन्होंने कहा कि हमें नित्य प्रतिदिन शक्ति की आराधना करनी चाहिए, लेकिन अगर कोई किन्हीं कारणों से ऐसा नहीं कर पाता है तो नवरात्र में तो अवश्य ही मां की आराधना करनी चाहिए। इसके लिए यथाशक्ति व्रत, उपवास, नाम जप और दान करना चाहिए।
स्वामी पुरुषोत्तमाचार्य महाराज ने कहा कि शक्ति के बिना शिव भी अधूरे हैं। इसलिए शक्ति की आराधना पहले की जाती है। उन्होंने बताया कि भारतीय संस्कृति में शक्ति को ही मां कहा गया है क्योंकि मां जन्म देती है और शक्ति भी सृजन करती है।
दिव्याधाम में मां जगदंबा की भव्य मूर्ति
सिद्धदाता आश्रम स्थित श्री लक्ष्मी नारायण दिव्याधाम में मां जगदंबा का एक भव्य मंडप है, जिसमें शक्ति की सुंदर मूर्ति स्थापित है। नवरात्र के अवसर पर यहां भक्तों की संख्या में काफी वृद्धि देखी जाती है।
स्वामी अनिरुद्धाचार्य महाराज ने भी इस घट स्थापना समारोह में अपनी उपस्थिति दर्ज कराई। उन्होंने भक्तों को आशीर्वाद और प्रसाद प्रदान किया।
अतुल वर्मा को दी गई नई जिम्मेदारी
आश्रम ने अब विभिन्न क्षेत्रों के विशेषज्ञों को जोड़ने का भी क्रम प्रारंभ किया है। इसके लिए दिल्ली पुलिस में एसीपी रहे अतुल वर्मा को विशेष जिम्मेदारी सौंपी गई है।
अतुल वर्मा अभियांत्रिकी, चिकित्सा, आईटी, कंप्यूटिंग, कानून, अर्थ, कला और संगीत जैसे क्षेत्रों से जुड़े विशेषज्ञों को सिद्धदाता आश्रम की सेवाओं के साथ जोड़ने