रिपोर्ट: बी.आर. मुराद, फरीदाबाद
फरीदाबाद: हाल ही में जम्मू-कश्मीर के पहलगांव में हुए आतंकी हमले को देखते हुए, फरीदाबाद पुलिस द्वारा शहर में शांति व्यवस्था बनाए रखने के उद्देश्य से एक विशेष बैठक का आयोजन किया गया। इस बैठक की अध्यक्षता डीसीपी सेंट्रल उषा ने की, जिसमें शहर के धर्म गुरूओं, पार्षदों, सरपंचों, मार्केट प्रधानों, RWA प्रतिनिधियों, गली-मोहल्लों के प्रधानों और अन्य गणमान्य व्यक्तियों ने भाग लिया।
👉 अफवाहों से बचने और समाजिक सौहार्द बनाए रखने की अपील
गोष्ठी में डीसीपी उषा ने स्पष्ट रूप से कहा कि किसी भी तरह की अफवाहों या भड़काऊ विचारों से बचा जाए। सोशल मीडिया या सार्वजनिक स्थानों पर कोई भी उत्तेजक बयान या भाषण न दिया जाए, जिससे शांति भंग होने की संभावना हो। यदि किसी को कोई संदिग्ध जानकारी या घटना की भनक लगे, तो तुरंत नजदीकी पुलिस को सूचित करें।
👮 पुलिस प्रशासन अलर्ट मोड पर
इस गोष्ठी में सेंट्रल ज़ोन के सभी सहायक पुलिस आयुक्त, थाना प्रबंधक और पुलिस चौकी प्रभारी उपस्थित रहे। उन्हें निर्देश दिया गया कि वे अपने-अपने क्षेत्र में पूरी सतर्कता के साथ सुरक्षा व्यवस्था को बेहतर बनाए रखें और किसी भी अप्रिय घटना की सूचना तुरंत उच्च अधिकारियों तक पहुँचाएं।
🫱 समाज के हर वर्ग से मिला सहयोग
गोष्ठी में 100 से अधिक गणमान्य लोग मौजूद थे, जिन्होंने सामाजिक एकता और शांति बनाए रखने के लिए पुलिस प्रशासन को हर संभव सहयोग देने का आश्वासन दिया। इस सहयोग से पुलिस और समाज दोनों मिलकर किसी भी संभावित संकट को टालने में सफल हो सकते हैं।
🗣️ पुलिस का संकल्प: सेवा और सुरक्षा
डीसीपी उषा ने कहा,
“फरीदाबाद पुलिस आमजन की सेवा और सुरक्षा के लिए सदैव तत्पर है। हमारा प्रयास है कि शहर में किसी भी प्रकार की अराजक स्थिति न उत्पन्न हो। हम सभी नागरिकों से आग्रह करते हैं कि शांति बनाए रखने के इस मिशन में हमारा सहयोग करें।”