अयोध्या ब्यूरो: कामता शर्मा
अयोध्या राजर्षि राजा दशरथ मेडिकल कॉलेज, अयोध्या में मरीजों और उनके परिजनों के लिए बड़ी समस्या खड़ी हो गई है। अस्पताल प्रशासन ने गेट नंबर 2 को एक सप्ताह से बंद कर दिया है, जिससे मरीजों के आवागमन में बाधा उत्पन्न हो रही है।
🚪 गेट नंबर 2 बंद: मरीजों के लिए बना मुसीबत
गेट नंबर 2 सामान्यतः उन मरीजों और परिजनों के लिए सुविधाजनक रहता था जो नजदीकी रास्तों से आते थे। लेकिन अब उस रास्ते को पूरी तरह सील कर दिया गया है। इस वजह से मरीजों को लंबा रास्ता तय करना पड़ रहा है, जिससे न केवल समय की बर्बादी हो रही है, बल्कि बीमार और गंभीर मरीजों की स्थिति और अधिक खराब हो रही है।
⚠️ मरीज दीवार फांदने को मजबूर
स्थिति इतनी खराब है कि कई मरीज और उनके साथ आए तीमारदार दीवार फांदकर अंदर-बाहर जा रहे हैं। इससे दुर्घटनाओं का खतरा बढ़ गया है। स्थानीय लोगों ने बताया कि कई बुजुर्ग और महिलाएं फिसलकर गिर चुकी हैं।
📢 कोई स्पष्ट सूचना नहीं
सबसे चिंता की बात यह है कि गेट बंद करने को लेकर अस्पताल प्रशासन की ओर से कोई सार्वजनिक सूचना या वैकल्पिक व्यवस्था की जानकारी नहीं दी गई है। न तो अस्पताल परिसर में बोर्ड लगे हैं और न ही स्टाफ कोई जानकारी देता है।
🔍 जनता में नाराजगी, कार्रवाई की मांग
स्थानीय नागरिकों और मरीजों के परिजनों ने प्रशासन के खिलाफ गंभीर नाराजगी जताई है। लोगों का कहना है कि प्रशासन को मानवता के आधार पर सोचना चाहिए और तत्काल गेट नंबर 2 को खोलना चाहिए या वैकल्पिक रास्ता सुनिश्चित करना चाहिए।
🗣️ क्या कहते हैं अस्पताल प्रशासन?
जब इस बारे में अस्पताल प्रशासन से बात की गई तो कोई स्पष्ट कारण बताने से इनकार कर दिया गया। सूत्रों के अनुसार यह फैसला आंतरिक सुरक्षा और स्टाफ सुविधा के मद्देनजर लिया गया है, लेकिन मरीजों की सुरक्षा और सुविधा को नजरअंदाज करना गंभीर सवाल खड़ा करता है।